Saturday, April 13, 2024
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क्षेत्रीय अध्यक्ष अनुसूचित मोर्चा काशी क्षेत्र अजीत रावत ने कार्यकर्ताओं के साथ सुनी प्रधानमंत्री के मन की बात

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Sonbhadra news (सोनभद्र )। आज काशी क्षेत्र के अनुसूचित मोर्चे के क्षेत्रीय अध्यक्ष अजीत रावत के नेतृत्व में विधानसभा घोरावल के गौरीशंकर मंडल के ग्राम अमौली में बूथ संख्या 377 पर रेडियो पर प्रसारित देश के लोकप्रिय प्रधानमंत्री माननीय नरेंद्र मोदी की मन की बात भाजपा कार्यकर्ताओं ने सुनी।आपको बताते चलें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को मन की बात कार्यक्रम के 103वें एपिसोड में देशवासियों को संबोधित किया।

अपने संबोधन की शुरुआत पीएम मोदी ने सावन महीने के महात्म्य के जिक्र से किया। पीएम ने कहा कि सावन का महीना चल रहा है और यह महादेव की अराधना के साथ ही हरियाली और खुशहाली से जुड़ा है। सावन का बहुत महत्व है, सावन का मतलब ही आनंद और उल्लास है। सावन के महीने में कितने ही भक्त शिव अराधना पर निकलते हैं। 12 ज्योतिर्लिंगों पर भी श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। वाराणसी, अयोध्या, मथुरा और उज्जैन में पहुंचने वाले पर्यटकों की संख्या भी बढ़ रही है।

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इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि ‘मुझे बड़ी संख्या में उन मुस्लिम महिलाओं के पत्र प्राप्त हुए हैं, जो हाल ही में हज यात्रा करके लौटी हैं। इन महिलाओं ने बिना मेहरम के हज यात्रा पूरी कर के आयी हैं। इनकी संख्या 50 या 100 नहीं है बल्कि 4000 है। यह एक बड़ा बदलाव है। पहले मुस्लिम महिलाओं को पुरुषों के बिना हज यात्रा पर जाने की अनुमति नहीं थी। मैं सऊदी अरब सरकार को भी धन्यवाद देना चाहता हूं कि उन्होंने बिना मेहरम के हज यात्रा पर जाने वाली महिलाओं के लिए महिला समन्वयकों की तैनाती की।’पीएम मोदी ने कहा कि ‘बीते कुछ सालों में हज नीति में जो बदलाव किए गए हैं, उनकी भरपूर सराहना हो रही है। हमारी मुस्लिम माताओं और बहनों ने इस बारे में मुझे काफी कुछ लिखा है। अब ज्यादा से ज्यादा लोगों को हज पर जाने का मौका मिल रहा है। हज यात्रा से लौटे लोगों ने खासकर हमारी माता-बहनों ने चिट्ठी लिखकर आशीर्वाद दिया है, वो अपने आप में बहुत प्रेरक है।’
बिना मेहरम हज जाने वाली महिलाओं की संख्या में आई तेजी


बता दें कि इस्लाम में मेहरम वो पुरुष होता है, जो महिला का पति हो या खून के रिश्ते में हो। इस बार हज यात्रा पर अकेली जाने वाली 4314 महिलाओं ने आवेदन दिया था। आजादी के बाद साल 2018 में पहली बार भारत में मेहरम की अनिवार्यता को हटा दिया गया था। जिसके बाद से 3401 महिलाओं ने बिना पुरुष रिश्तेदारों या मेहरम के बिना हज यात्रा की थी। इस बार यह आंकड़ा चार हजार से ज्यादा रहा, जो अपने आप में बड़ी बात है। अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के अनुसार, हज नीति के मुताबिक 45 वर्ष से ज्यादा उम्र की महिलाएं, जिनके पास मेहरम नहीं हैं, वो चार या उससे ज्यादा संख्या में महिलाओं के समूह के साथ हज यात्रा कर सकती हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देशवासी पूरी जागरुकता से जल संरक्षण के लिए प्रयास कर रहे हैं। अभी देश में 50 हजार अमृत सरोवर बनाने का काम चल रहा है। एमपी के शहडोल के पकरिया गांव में आदिवासियों ने 100 कुओं को वाटर रिचार्ज सिस्टम में बदल दिया है। बारिश का पानी इन कुओं में जाता है और वहां से जमीन में चला जाता है। वहीं उत्तर प्रदेश में 30 करोड़ पेड़ लगाने का रिकॉर्ड बनाया गया है। राज्य सरकार ने अभियान की शुरुआत की और लोगों ने इसमें पूरा सहयोग दिया। प्रधानमंत्री के मन की बात सुनने के इस कार्यक्रम में मुख्य रुप से प्रधान संघ के अध्यक्ष सुरेश शुक्ला, युवा मोर्चा के जिला महामंत्री विनय श्रीवास्तव और सैकड़ों की संख्या में ग्राम समाज की सम्मानित जनता उपस्थित रही।

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